बंध्याकरण किए बिना ही महिला को दवा-सुई देकर किया डिस्चार्ज

बोखड़ा : एक तरफ जहाँ सरकार निजीकरण पर जोर दे रही हैं वहीँ निजी कम्पनी द्वारा बड़े पैमाने पर लापरवाही हर जगह दखने को मिल रही है. इस बार स्वास्थ्य विभाग की बड़ी लापरवाही बोखरा स्वास्थ्य केंद्र से देखने को मिल रही है. इस बार बहुत ही अजीबोगरीब मामला प्रकाश में आया है पीएचसी में बंध्याकरण करने वाली निजी एजेंसी जननी ने सारी हद ही पार कर दी.

जानकारी के मुताबिक उक्त एजेंसी के द्वारा एक महिला का कागज पर तो बंध्याकरण कर दिया गया इतना ही नहीं दवा सुई, डिस्चार्ज पेपर तक दे दी गई लेकिन ऑपेरशन के बाद महिला के शरीर पर कोई निशान तक नही देखने को मिला, जिसे देख परिवार वालों के हाथ पाँव फूलने लगे.

आपको बता दें कि पीएचसी बोखड़ा में जननी एजेंसी के द्वारा विगत 24 दिसंबर 2021 को एक शिविर लगाकर 18 महिलाओं का बंध्याकरण ऑपरेशन किया गया जिसमें 17 ऑपरेशन तो सफल रहा वहीँ एक महिला के ऑपरेशन के बाद अजीबोगरीब तस्वीर देखने को मिली. उक्त महिला जिसका ऑपरेशन में गड़बड़ी सामने आई उसका डिस्चार्ज पेपर पर आईडी संख्या 16331 अंकित है जिस पर वीरेंद्र सहनी की पत्नी रेखा देवी नाम अंकित है,स्थान सीएचसी बोखड़ा अंकित है जहाँ बंध्याकरण पूर्ण होने की बात लिखी हुई है.

रिपोर्ट : सीतामढ़ी की आवाज | बोखरा टीम